If you are searching for Nursery Poem in Hindi then you are in the right place. Here I’m sharing with the best Nursery Poem in Hindi for kids which is really very amazing and interesting I’m sure you will love it and you will show your kids which make them a good person.

1.बाल संदेश Nursery Poem in Hindi

सीधे साधे बालक है हम  ऐसी बुद्धि जगा दो पढ़ लिखकर हम बने विवेक

जीवन सफल बना दो टीचर जी हमको सिखलादो दो शान्ती पूर्वक रहना

सत्य निष्ठा, कर्मठता से पथ पर, नियमित चलना टीचर जी हमको सिखलादो दो

मूल्यों के संग जीना सभ्यसंस्कृतिस्वार्थ हीनता के संग आगे बढ़ना

पद चिन्हों पर चलें आपके बहे शक्ति का झटका उन्नति के साथी हों हम भी

भारत कर दो सोना .

  1. गणतंत्र दिवस Nursery Poem in Hindi

बच्चे के मुख से नन्हा मुन्ना बच्चा हूँ मैं। खुश अपने में रहता हूँ

नन्हें नन्हें सपने मेरे उनमें खोया रहता हूँ। मौज मस्ती, पढ़ना लिखना

कभी डाँट मैं खाता हूँ। लेकिन टीचर जी का प्यार कभी भूल पाता हूँ।।

टीचर जी ने आज बुलाया गणतंत्र दिवस है, ये बतलाया।। मैं क्या जानू ये दिन क्या है।

कठिन सा कुछ नाम दिया है।। लेकिन जब टीचर जी ने हमकोसंविधानका अर्थ बताया।

एकता का पाठ पढ़ाकर क्या करना है, ये जतलाया।।संविधान कानून बनाता।

सही गलत, की दिशा दिखाता|| अनुशासन कैसे रखना है

जनता को ये भेद बताता|| टीचर बोली मेरे प्रिय बच्चों समय से पढ़ो समय से खेलो।

जीवन का ये मंत्र जानो।। इसे ही, ‘गणतंत्रमानो।।

  1. स्वतंत्रता दिवस Nursery Poem in Hindi

स्वतंत्रता के स्वर्णिम दिवस की पुण्य घड़ी फिर आई, पुण्य घड़ी

फिर आई ।। आओ मिल झण्डा फहराये | अपने देश का मान बढ़ायें ||

ये आज़ादी कठिन जतन से, हम लोगों ने पाई। पुण्य घड़ी फिर आई ।।

बापू नेहरू और पटेल ने | सद् भविष्य के सपने संजाये ।।

भगत सिंह जैसे वीरों ने | दुःख पाकर सुख के बीज बोये ।। श्रद्धा सुमन करें हम अर्पित |

प्रेम की अलख लगाई, पुण्य घड़ी फुट आई नव भारत निमार्ण करें हम

चरित्रवान, बुद्धिमान बनें हम ।। सारे जग में गूंजे नारा हम जैसा कोई.

पुण्य घड़ी फिर आई

  1. पिकनिक Nursery Poem in Hindi

नाना आओ नानी आओ मम्मी आओ पापा आओ || जरा मूंगफली गजक ले आओ

आलू पराठा अचार भी लाओ || स्कूल की तो छुट्टी है। पिकनिक आज मनायेंगे ||

मीना नीना, सरला कमला सबको साथ ले जायेंगे ||

खो खो, कबड्डी, क्रिकेट खेलकर | छक्के पे छक्का लगायेंगे ।।

अन्त में अन्ताक्षरी खेलकर गाने खूब गायेंगे

  1. नानी की सीख (सुबह सवेरे) Nursery Poem in Hindi

सुबह सवेरे सोकर उठलो मंजन करलो, मुंह को खोलो ||

सैर को चल दो, कसरत करलो फल, सब्जी, रोटी, खूब खा लो ।।

डॉक्टर की तुम छुट्टी कर दो बीमारी से तुम कुट्टी कर दो ।।

  1. सोनू Nursery Poem in Hindi

सोना आया सोना आया रंग बिरंगी गुड़िया लाया।।

सारे बच्चे दौड़े झपटे। टूटी गुड़िया फौरन भागे ||

यदि ऐसे झपटोगे बच्चों। कुछ भी हाथ होगा भाई ।।

एक एक कर देखो सारे। इस में सबकी रही भलाई।

  1. अच्छे बच्चे Nursery Poem in Hindi

अच्छे बच्चे रहने साफ़ गन्दी करते नहीं किताब ।।

पढ़ने में वो ध्यान लगाने। नहीं करते कक्षा में बात

हमदम गाते हंसते सारे। नहीं रोते चिल्लाते प्यारे।।

पापा मम्मी के वो दुलारे टीचर जी के आँख के तारे ।।

  1. सड़क के नियम Nursery Poem in Hindi

डक पार करने की सोची। तीन बत्तियाँ दिख रहीं ।।

लाल पीली और हरी|| चमचम चमचम चमक रही।

लाल बोली, सब रुक जाओ। पीली बोली, तैयार हो जाओ।।

रुको, देखो, फिर तुम जाओ। हरी बोली, अब तुम जाओ||

सड़क के नियम को जिसने भई सीखा और निभाया है बुद्धिमान वो कहलाया है चोट लगी ना पछताया है।

  1. चुहू मुन्नू Nursery Poem in Hindi

चुहू मुन्नू थे दो भाई रसगुल्ले पर हुई लड़ाई ।।

चुन्नू बोला तू है बन्दर। मुह बोला तू घन चक्कर।।

झगड़ा सुनकर मम्मी आई। दोनों को दो चपत लगाई।

आधा तू ले चुन्नू बेटा। आधा तू ले मुबु बेटा ।।

ऐसा झगड़ा कभी करना मिल बाँट कर प्रेम से रहना

  1. दूध का गिलास Nursery Poem in Hindi

दूध भरा, गिलास है। राजू जी के पास है।

गट गट गट पी जायेगा। ढेर सी ताकत पायेगा||

कभी नहीं बीमारी होगी। कक्षा में अव्वल आयेगा||

मम्मी और पापा का नाम | रौनक भी कर पायेगा ||

  1. खेल Nursery Poem in Hindi

आओ बच्चों खेलें खेल। आँख मिचोली, या फिर रेल।।

खेल खो खो, गुल्ली डण्डा। स्टापू या फिर मारें कन्चा||

दौड़े भागे शोर मचाएं जी भरकर सब मौज मनाएं।।

बज गई घण्टी छोड़ो गेम क्लास में भागो, गई मैम।।

  1. मीठा जीवन Nursery Poem in Hindi

छोटी छोटी बातों पे लड़ना रूठना ||

रोना धोना तुम हंस हंस के चलना ।।

हंसे तो मुहँ प्यारा प्यारा। गोलू सा हो जायेगा।।

रोये तो पिचकी पिचकी। ठैंद बन जायेगा ।।

  1. मेरा बस्ता Nursery Poem in Hindi

मुझसे भारी मेरा बस्ता, हालत कर दी मेरी खस्ता।

इसे उठाकर चलना मुश्किल, सभी किताबें पढ़ना मुश्किल।।

अभी छोटा बच्चा हूँ, अकल का कच्चा, पर सच्चा हूँ।

कोई टीचर को समझाये, कुछ तो हल्का उसे कराये ।।

  1. मेरे शिक्षक Nursery Poem in Hindi

मेरे शिक्षक सबसे न्यारी, मुझको वे लगते हैं प्यारे।

देख गलत वह चुप रहते बुरी बात, मुहँ पर ही कहते

है पाबंदी वक्त को हरदम इसी बात से लेते हैं हम उनके लिये आराम हराम।

जल्दी उठ, करते व्यायाम || कदम कदम पर देने ज्ञान।

शिक्षक का हम, करें सम्मान || शिक्षक जगाते विवेक प्रकाश

प्रगति का फैले आकाश। असफलता से कभी हारे.

मेरे शिक्षक सबसे प्यारे।।

  1. समय और अनुशासन Nursery Poem in Hindi

समय का चरखा चलता जाए। गया समय फिर लौट पाए।।

पृथ्वी समय से धूरी पर चलती। प्रकृति समय से रूप बदलती ।।

ऋतु चक्र यही बतलाए समय का चरखा चलता जाए|| ब्रह्माण्ड अनुशासन से ही बंधा है।

कौन से कब तोड़ सका है।। सुखी सम्पन्न तुम्हें रहना है। तो अनुशासन में रहना है ।।

जो अनुशासन प्रिय, वो सफलता पाए। समय का चरखा चलता जाए ||

  1. गांधी जी के तीन बन्दर Nursery Poem in Hindi

गांधी जी के तीन बन्दर। फूंक रहे हैं तीन मन्तर ।।

बुरा दिखे तो दो मत ध्यान। बुरी बात पर दो मत कान ।।

कभी बोलो कड़वे बोल | सीख यही देते अनमोल।।

कभी हो तुम डाँवाडोल। सीख यदि ले लो अनमोल||

  1. गुड़िया की शादी Nursery Poem in Hindi

मेरी गुड़िया की शादी है। घर में रौनक आई है।

दादी ने पहनाये गहने। बहना साड़ी लाई है

चुनरी में चमके फूल पत्ते। बूआ ने गोट लगाई है।

पापा घोड़ी सजा रहे हैं। मम्मी लाई मिठाई है||

सखियाँ गायें मंगल गीत | बधाई हो बधाई हो ।।

दरवाजे शहनाई बाजे। मंगल बेला आई है।

  1. सुन्दर सीख Nursery Poem in Hindi

एक बच्चे की सुनो कहानी सच्ची अच्छी मेरी जुबानी।।

सोहन प्यारा बच्चा था। सदा अकेले रहता था।।

उसके पास नहीं था कुछ भी। सदा उदास वो रहता था||

मोहन हंस मुख बच्चा था| सहायता सभी की करता था||

सदा, सभी, बच्चों की लेकर। मस्ती करता रहता था ।।

सोहन को जब देखा उसने पास बैठ बुलाया था।।

मैं हूँ ना दोस्त, ये कहकर चुटकुलों से हंसाया था ||

कक्षा में कॉपी पेन्सिल देकर | साथ उसे बिठलाया था ||

सोहन बदला, खिल खिलाया। कक्षा अव्वल आया था

सोहन मोहन की सुनी कहानी। भई, सीख हमें तो यही मिली।

को सहायता, कटो निंदा सबके जीवन में भी खुशी ।।

  1. परिवार Nursery Poem in Hindi

माँ बापू बहन, भाई हम चार | छोटा सा मेरा परिवार||

ढेरों चीजें बापू लाने माँ के साथ हम हाथ बंटाते।।

मिलकर खेलें पढ़े हर बार। छोटा सा मेरा परिवार।।

मम्मी, मुन्ना, खाना बनाते। पापा मैं (मुन्नी) बिस्तर उठाते ।।

सफाई करते बार बार सफाई रखता मेरा परिवार ||

मेरा प्यारा प्यारा परिवार | सुन्दर सुखी मेरा परिवार।।

शाम को मिल जुल प्रार्थना करते। कभी लड़ते हंसते रहते ।। यही माँगते हैं हर बार

सद्बुद्धि दो हे पालन हार ।। सबकी हरदम करें सहायता | खुशियाँ पाये बारम्बार ।।

मेरा प्यारा प्यारा परिवार। छोटा सा मेरा परिवार।।

  1. चमत्कार Nursery Poem in Hindi

चँदू चोखे चाचा ने चाँद की चाँदनी में चांदनी चौक में चावड़ी बाजार में

चाँदी के चम्मच से चाशनी और चाट वाली चटनी चाट चाट चेहरे पे चाची के चौड़ी चोंच बनाई।।

चाची ने चेहरा देखा चौक से चिमटा चलाया चूल्हे में देखा चिमटा

चाचा ने चश्मा चढ़ाया भागे चोखे चाचा आगे बच्चों की पलटन पीछे भागो चाचा चाची आई चिल्लाते चाची के चेले।।

  1. मेरी मम्मी Nursery Poem in Hindi

दुनिया में सबसे है न्यारी। मेरी मम्मी कितनी प्यारी ||

सुबह प्यार से मुझे उठाती समय पे चलना मुझे सिखाती।।

स्कूल है जाना तैयार हो जा। बेटू रानी अब तो उठ जा||

दूध बिस्कुट मुझे खिलाती। स्वच्छता का पाठ पढ़ाती।।

जब होता स्कूल को जाना। डिब्बे में रख देती खाना।।

होमवर्क वो मुझे करती पहली टीचर वो बनजाती ।।

परी लोक की परी बनाती लोरी गाकर मुझे सुलाती ।।

तुझ जैसा कोई जन्मा। प्यारी अम्मा, मेरी अम्मा||

  1. आम Nursery Poem in Hindi

मीठे मीठे मन ललचाते बूढ़े बच्चे सबको भाते ।।

देखो कितने अच्छे आम | तरह तरह के इनके नाम ।।

हापुस लंगड़ा चौसा देसी। ना जाने कितने हैं नाम ||

यदि गिनाने बैठा भैया। हो जायेगी तब तक शाम ||

  1. छोटी सी म्याऊं रानी (बाल गीत) Nursery Poem in Hindi

छोटी सी म्यांऊं रानी बोल रही है | लाओ मेरी लाल साड़ी, देर हो रही है ।।

लाओ घड़ी जल्दी से, टैक्सी खड़ी है। सैंन्डिल लाओ मुझे देट हो रही है।।

कंधी भी लाना, शीशा भूलना | टेलीविजन में है मेरा गाना ||

लिपस्टिक पाउडर गायब यहाँ हाय मैं कैसे पहुंचूं वहाँ ।।

पर्स में छुट्टे पैसे नहीं हैं टी एम में, जाने का टाइम नहीं है ||

पैसे लेने जांऊँ कहाँ आप ही दे दो मेरी बहना

मेरी राह देख रहा है ।। देख रहा है सारा जहाँ

छोटी सी म्यांऊं

  1. देश भक्ति गीत Nursery Poem in Hindi

हम बंगाली हम पंजाबी गुजराती मराठी हैं लेकिन हम इन सबसे पहले केवल भारत वासी हैं ।।

रूप रंग और भाषा चाहे | जितनी भी हो न्यारी हों ।।

हिन्द देश के वासी हैं हम | एक हैं हम एक हैं ।।

हमें सत्य के पथपर चलना पुरखों ने सिखलाया है

हम उस पर ही चलते आये || जो पथ हमें दिखाया है

अपने वतन पर जीना है और अपने देश पर मरना है

अच्छे कर्म कर मिल जुल अपने | देश को बढ़ाना है ।।

  1. प्रेरणा गीत Nursery Poem in Hindi

मुस्कुराने के लिये है ज़िन्दगी कुछ कर दिखाने के लिये है ज़िन्दगी ।।

दर्द किसी का उठाये चल ज़रा हंसने हंसाने के लिये है ज़िन्दगी ।।

भारत के हम भारत हमारा गर्व है। सत्य निति प्रेम हमारा धर्म है ।।

मिल के सभी आओ हाथ थाम लो | एकता के सूत्र में बंधे चलो

खुशहाल भारत के लिये हो ज़िन्दगी ।। कल्याण के लिये हो ये ज़िन्दगी

  1. असलम दर्जी Nursery Poem in Hindi

कपड़े सीता असलम दर्जी, हरदम करते अपनी मर्जी।

एक दिन बानो बेगम आई, दो मन बढ़िया रेशम लाई।

बोली ले लो माप हमारा, सी दो बढ़िया एक शरारा।

दर्जी बोलाकैसा मापबेगम क्या कहती है आप।

माप लिया तो दर्जी कैसा, बिना माप के सी हूं ऐसा।

सिया गरारा असलम दर्जी, हरदम करता अपनी मर्जी ।।

बिना जाप के सिला गाना, छोटा छोटा प्यारा प्यारा बे

गम ने उसकी तह खोली, गुस्से से भर कर यूँ बोली ।।

हाय। अल्लाह क्या किया कसम से, हम पहनेंगे इसे किघर से |

दे दो तुम हमारा रेशम, दर्जी बोला, बैठो बेगम ||

छोटा है पर घेर बड़ा है, उस पर सुन्दर फूल कढ़ा है।

वाह गरारे के क्या कहने, छोटा है तो बिटिया पहने

  1. अपनाओ ये सच्से बोल Nursery Poem in Hindi

पानी गिरता कभी ना छोड़ो बिजली के जलता ना छोड़ो।।

प्लास्टिक काम में लाना छोड़ो। कूड़ा कूड़े दान में छोड़ो।।

नदी नालों को बह लेने दो। कूड़ा फेंक कर कभी रोको ||

रुके तो बदबू छा जायेगी बिमारी दूर तक फैलायेगी।।

फिर इलाज में बहेगा पैसा। फिर नानी ही याद आयेगी।

समस्यायें ये बहुत ही भारी। कुछ सोचो बाते हित कारी ||

सड़क के कानूनों को तोड़ो जल्दी क्या है? धैर्य छोड़ो।।

खतरे में क्यों डालो जीवन हमारा जीवन तुम्हारा जीवन ।।

हो दूषित वातावरण हमारा। फूल से महके बाग हमारा ।।

पीपल, बरगद, नीम लगाओ। स्वच्छ होता को गले लगाओ।

अपनाये ये सच्चे बोल बोल ये ही हैं अनमोल||

अनुशासित शैली अपनाओ तुम जीवन सुखी बनाओ तुम

  1. कद्दू और केला Nursery Poem in Hindi

एक रात जब आँख खुली तो, देखा बड़ा झमेला, बात कर रहे खुसुर फुसुर,

आपस में कद्दू, केला। केला था मुठ्ठी बन्द किये, कद्दू पहने दस्ताने,

केला नीचे मटक मटक कर, कद्दू गाये गाने कद्दू बोला!

केले भाई क्या है तुममें खास? कोरी उकड़ दिखाते हो या, गुण भी रखते पास।

केला हंसा ज़ोर से, फिर उसने मुट्ठी खोली, थमा दी कद्दू के हाथों में कैल्शियम,

आयरन की गोली बोली तो पास हमारे, इसका बड़ा खज़ाना लोहा जाम काम है इनका,

तन में खून बढ़ाना चुस्ती हमको खा शरीर में, आती कद्दू भैया, जो नित खाये,

ठुमक ठुमक कर, नाचे ता ता थैया। अब तुम भी तो बोलो प्यारे, प्यारे कद्दू गोल?

कुछ करते धरते भी हो या बस, पीटा करते ढोल? सुन सवाल को उछला कद्दू,

दस्तानों को खोला, और फिर उसने पकड़ाया, ‘विटामिनों का झोला।

बोला जाने दो बच्चों को, कहना इनको खायें आँखें चमकें, काया दमके,

रोगों से छुट्टी पायें जो भी हमसे कोई दोस्ती,

हो जाए फुर्तीला ढोल बजाये मटक मटक कर, गाये राग रंगीला ||

Thank you for reading Nursery Poem in Hindi which is grate I’m sure you would like it and enjoy it during reading these poems. You can share these poems with you kids and family kids I’m they will also like it and appreciate it.